नई दिल्ली, डिजिल डेस्क : ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल की जंग का आज 18वां दिन है। इस जंग ने मिडिल ईस्ट में हाहाकार मचा रखा है और तेल का खेल बिगाड़कर रख दिया है। इसी वजह से वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भारी इजाफा देखने को मिल रहा है। अब तेल की कीमत बढ़कर 153 डॉलर प्रति बैरल हो गई है, जो हाल के समय में सबसे ऊंचे स्तर में से एक मानी जा रही है। इसका असर पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्थाओं पर पड़ रहा है, खासकर देशों पर जो तेल के आयात पर निर्भर हैं। इस युद्ध ने होर्मुज स्ट्रेट से होने वाली शिपिंग को बाधित किया है और पूरे क्षेत्र में लाखों नागरिकों को विस्थापित कर दिया है। दुनिया में महंगाई बढ़ने की आशंका तेल की कीमतों में अचानक आई इस तेजी की वजह से दुनियाभर में महंगाई बढ़ने का खतरा मंडराने लगा है। परिवहन, बिजली के साथ-साथ जरूरत की चीजों की कीमतों पर इसका असर पड़ सकता है। श्रीलंका में 4 दिन खुलेंगे सरकारी ऑफिस इन सब के बीच भारत के पड़ोसी देश श्रीलंका ने सरकारी दफ्तर 4 दिन खोलने की घोषणा की है। यह फैसला ईंधन बचाने और ऊर्जा संकट से निपटने के लिए लिया गया है। श्रीलंकन सरकार का मानना है कि इस कदम से पेट्रोल और डीजल की खपत में कमी आएगी और देश की आर्थिक स्थिति संभालने में मदद मिलेगी। श्रीलंका इससे पहले भी आर्थिक संकट का सामना कर चुका है। Post navigation अमेरिकी नौसना क्यों नहीं कर पा रही Hormuz Strait पर कब्जा ? महाराष्ट्र में धोखाधड़ी करके नहीं कराया जा सकेगा मतांतरण