नई दिल्ली ,डिजिटल डेस्क : अफगानिस्तान के विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी ने सोमवार को कहा कि उनके देश ने पाकिस्तान के खिलाफ संघर्ष में अपने लक्ष्य को हासिल कर लिया है। सऊदी अरब और कतर समेत खाड़ी देशों के आग्रह पर हमला बंद कर दिया गया है। उनका यह बयान पाकिस्तान की ओर से नौ अक्टूबर को अफगानिस्तान में काबुल समेत कई जगहों पर की गई एयरस्ट्राइक का बदला लेने के बाद आया है। दोनों देशों की सीमा पर सप्ताहांत के दौरान भीषण संघर्ष हुआ था। अफगान बलों ने कई पाकिस्तानी सैन्य चौकियों पर हमले किए और 58 पाकिस्तानी सैनिकों को मार गिराया था। जबकि पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में 200 से ज्यादा सैनिकों और आतंकियों को ढेर करने का दावा किया था।मुत्तकी ने पत्रकारों के सवाल पर कहा कि अफगानिस्तान ने सीमा पर पाकिस्तानी हमले का जवाब दिया और लक्ष्य हासिल कर लिए गए हैं। उन्होंने कहा, “अभियान के दौरान हमारे मित्र देशों सऊदी अरब, कतर और यूएई ने आग्रह किया कि संघर्ष रुकना चाहिए और हम सहमत हो गए। इसके बाद कोई बड़ी घटना नहीं हुई। हमारा मानना है कि संघर्ष किसी समस्या का समाधान नहीं है।” अफगान विदेश मंत्री इस समय भारत दौरे पर हैं। उन्होंने यहां फिक्की के एक कार्यक्रम से इतर पत्रकारों से बातचीत की। इधर, सप्ताहांत में हुए संघर्ष के बाद अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय व्यापार के लिए दूसरे दिन भी सीमा बंद रही। सीमा बंद होने से सैकड़ों लोग फंसे हैं। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि सीमा कब खुलेगी। अधिकारियों ने बताया कि दोनों देशों के बीच लगभग 2,600 किलोमीटर लंबी सीमा पर रविवार के बाद गोलीबारी की कोई नई घटना नहीं हुई। अफगानिस्तान के साथ संघर्ष का पाकिस्तान के शेयर बाजार पर असर देखने को मिला। पाकिस्तानी स्टाक एक्सचेंज में सोमवार को करीब 3000 अंकों की गिरावट दर्ज की गई। इस कारण हुआ संघर्ष रॉयटर के अनुसार, पाकिस्तान ने पिछले सप्ताह काबुल समेत अफगानिस्तान में कई जगहों पर हवाई हमले किए थे। आतंकी संगठन पाकिस्तानी तालिबान के बड़े आतंकियों को निशाना बनाया गया था। इस हमले को तालिबान सरकार ने अफगानिस्तान की संप्रभुता का उल्लंघन बताया था। पाकिस्तानी तालिबान तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) ने 2014 में पेशावर में एक सैन्य स्कूल पर हमला किया था, जिसमें 130 से ज्यादा बच्चे मारे गए थे। इसके बाद पाकिस्तानी सेना के अभियान के बाद टीटीपी ज्यादातर अफगानिस्तान से संचालित होने लगा। जबकि तालिबान इसकी मौजूदगी से इन्कार करता है। टीटीपी लगातार पाकिस्तान में हमलों को अंजाम दे रहा है। इसने पिछले सप्ताह खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के ओरकजई जिले में एक सैन्य काफिले पर हमला किया था। इसमें एक लेफ्टिनेंट कर्नल और एक मेजर समेत 11 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए थे। बातचीत से मुद्दों को सुलझाएं पाकिस्तान-अफगानिस्तान: चीन चीन ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान से संयम बरतने और आपसी मुद्दों को बातचीत के जरिये सुझलाने की अपील की है। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने सप्ताहांत में दोनों देशों के बीच हुए संघर्ष पर टिप्पणी करते हुए सोमवार को कहा कि पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच संघर्ष को लेकर चीन चिंता व्यक्त करता है। Post navigation Mexico : भारी वर्षा से 64 लोगों की मौत, 65 लापता Assam : ब्रह्मपुत्र घाटी से 65 गीगावाट जलविद्युत का उत्पादन किया जाएगा