नई दिल्ली, न्यूज़ डेस्क : युद्धविराम और बंधक रिहाई समझौते के बाद गाजा पट्टी में रविवार को 471 दिन (15 महीने से ज्यादा) से चल रही लड़ाई रुक गई। समझौता लागू होने में कुछ घंटों की देरी इसलिए हुई क्योंकि हमास ने उन तीन महिलाओं के नामों की सूची देने में विलंब किया। हमास ने तीनों महिलाओं को रिहा कर दिया है। रोमी गोनेन, एमली डेमेरी और डोरोन स्टीनब्रीचर नामक तीन महिलाओं कि रिहाई हुई। इसी के साथ समझौते के प्रथम चरण में 33 बंधकों की रिहाई का सिलसिला शुरू हो जाएगा। ट्रंप ने तीनों महिलाओं की रिहाई का किया स्वागत अमेरिका के निर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने तीन महिलाओं की रिहाई का स्वागत किया है। रविवार को समझौता लागू होने तक उत्तरी गाजा में जारी रही लड़ाई में इजरायली गोलाबारी और बमबारी में 13 फलस्तीनी मारे गए। इजरायली सेना ने कहा है कि उसने आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया है। गाजा में 15 महीने से ज्यादा चली लड़ाई में 46,913 फलस्तीनी मारे गए हैं। खंडहर में तब्दील हो चुके गाजा में मलबे के नीचे दबे मृतकों की संख्या इसके अतिरिक्त है। लगातार बमबारी और गोलाबारी के चलते वहां पर इन शवों को निकालने का समय ही किसी को नहीं मिला। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने गाजा युद्धविराम समझौते के तहत तीन इजरायली बंधकों की रिहाई का स्वागत किया।व्हाइट हाउस ने एक आधिकारिक प्रेस कॉन्फ्रेंस के अनुसार, 471 दिनों से कैद में रखे गए तीन इजरायली बंधकों को रिहा करने की घोषणा की। उन्होंने गुरुवार को कहा था, “पिछले मई में मैंने मध्य पूर्व के लिए जो समझौता रखा था, वह आखिरकार सफल हो गया है। गाजा में युद्धविराम लागू हो गया है और आज हम बंधकों को रिहा होते हुए देख रहे हैं। तीन इजरायली महिलाओं को उनकी इच्छा के विरुद्ध 400 और 70 दिनों तक अंधेरी सुरंगों में रखा गया।” हमास ने रिहाई की लिस्ट देने में की देरी 23 लाख की आबादी वाले गाजा की दो प्रतिशत से ज्यादा आबादी युद्ध में मारी जा चुकी है और 90 प्रतिशत लोग बेघर हो चुके हैं। गाजा की लड़ाई में करीब 400 इजरायली सैनिक भी मारे गए हैं। इजरायल के विदेश मंत्री गिडिओन सार ने कहा है कि हमास ने निर्धारित समय से 18 घंटे देरी से रिहा होने वाली महिलाओं के नामों की सूची सौंपी। जबकि हमास ने कहा है कि तकनीक कारणों से सूची देने में विलंब हुआ। इसी विलंब के चलते समझौता लागू होने में देरी हुई। 42 दिन के इस तीन चरणों वाले युद्धविराम समझौते में यदि सब कुछ तय रूप में हुआ तो गाजा में स्थायी रूप से लड़ाई रुकने का रास्ता बनेगा। यद्यपि समझौता लागू होने से पहले ही इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने साफ कर दिया है कि समझौते में गड़बड़ी होने पर इजरायल का हमले का अधिकार होगा। प्रत्येक बंधक के बदले 30 फलस्तीनी कैदी होंगे रिहा समझौते के अनुसार प्रत्येक बंधक के बदले में इजरायल 30 फलस्तीनी कैदियों को रिहा करेगा। हमास छह हफ्तों में कुल 33 बंधक रिहा करेगा। इनमें महिलाएं, बच्चे, 50 वर्ष से ज्यादा के पुरुष, बीमार और घायल होंगे। यह अदलाबदली रेडक्रास के जरिये होगी। अनुमान है कि हमास और इस्लामिक जिहाद के पास 98 इजरायली व विदेशी बंधक हैं लेकिन इनमें जीवित करीब आधे ही हैं। कुछ बंधकों के शव हमास के पास होने की जानकारी है जिन्हें वह इजरायल को सौंपेगा। Post navigation Trump : राष्ट्रपति पद की शपथ लेते ही ट्रंप 100 आदेशों पर करेंगे हस्ताक्षर Weather update : यूपी-हरियाणा समेत इन राज्यों में बिगडे़गा मौसम