नई दिल्ली, न्यूज़ डेस्क : Saras Aajeevika Food Festival 2025 : केंद्रीय ग्रामीण विकास और कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान आगामी सोमवार से नई दिल्ली स्थित सुंदर नर्सरी में आयोजित सरस आजीविका फूड फेस्टिवल 2025 का उद्घाटन करेंगे। इस कार्यक्रम में केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी, केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं संचार राज्य मंत्री चंद्रशेखर पेम्मासानी और केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री कमलेश पासवान भी मौजूद रहेंगे। यह फेस्टिवल भारतीय संस्कृति और भोजन की विविधता को एक ही स्थान पर प्रदर्शित करेगा।
सरस फूड फेस्टिवल में 62 स्टॉल
सरस फूड फेस्टिवल में 62 स्टॉल लगाए गए हैं, जिनमें 25 राज्यों की 300 से ज्यादा लखपति दीदीयां और स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं भाग ले रही हैं। यह फेस्टिवल 9 दिसंबर तक चलेगा और सुबह 11.30 बजे से रात 9.30 बजे तक सभी दर्शकों के लिए खुला रहेगा। आयोजन स्थल सुंदर नर्सरी, भारत स्काउट्स एंड गाइड्स मार्ग, निजामुद्दीन (हुमायूं के मकबरे के पास) रखा गया है। यहां आने वाले लोगों को भोजन के साथ-साथ विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक झलक भी देखने को मिलेगी।
यह फेस्टिवल महिला सशक्तिकरण की एक मजबूत मिसाल है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत तैयार स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं न केवल ग्रामीण उत्पाद बनाने में माहिर हैं, बल्कि अलग-अलग राज्यों के पारंपरिक व्यंजन बनाने में भी दक्ष हैं। इस आयोजन का उद्देश्य इन महिलाओं को आगे बढ़ने का अवसर देना और देशभर में ग्रामीण महिलाओं को प्रेरित करना है। फेस्टिवल के 62 स्टॉलों में से 50 लाइव फूड स्टॉल हैं जबकि 12 प्राकृतिक खाद्य पदार्थों के स्टॉल हैं।
इस साल सरस फूड फेस्टिवल में 25 राज्यों के 500 से अधिक व्यंजन उपलब्ध रहेंगे। इनमें हिमाचली सीडडू, उत्तराखंड की तंदूर चाय, जम्मू-कश्मीर का मशहूर कलारी कुल्चा, हैदराबादी दम बिरयानी, नॉर्थ-ईस्टर्न मोमो, बंगाली फ्राइड फिश, राजस्थान की कैर सागरी, गट्टे की सब्जी, बाजरे की रोटी, बंगाल की हिलसा फिश करी, तेलंगाना का चिकन, केरल की मालाबार बिरयानी, बिहार का लिट्टी-चोखा और पंजाब का सरसों का साग-मक्के की रोटी जैसे लोकप्रिय व्यंजन शामिल हैं। इसमें हरियाणा, अरुणाचल प्रदेश, महाराष्ट्र, केरल, असम, उत्तर प्रदेश, गोवा और गुजरात सहित कई अन्य राज्य भी भाग ले रहे हैं।
