रिपब्लिक समाचार, एजेंसी : Pakistan terror attack : पाकिस्तान का अशांत क्षेत्र बलूचिस्तान एक बार फिर गोलियों की तड़तड़ाहट और बम धमाकों से कांप उठा है। रविवार को यहां हुए कई समन्वित (coordinated) हमलों ने पूरे प्रांत को हिला कर रख दिया है। हथियारबंद हमलावरों ने न केवल पुलिस थानों को निशाना बनाया, बल्कि 92 आम नागरिकों को भी बस से उतार कर मौत के घाट उतार दिया। इस हमले में 15 सुरक्षाकर्मियों की भी मौत हो गई । यह हाल के दिनों में पाकिस्तान (Pakistan News) में हुआ सबसे बड़ा और भीषण हमला (Balochistan Attack) माना जा रहा है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सबसे खौफनाक घटना बलूचिस्तान के मूसा खेल जिले में हुई। यहां हथियारबंद लड़ाकों (Baloch Libration Army) ने एक व्यस्त हाईवे को ब्लॉक कर दिया। उन्होंने वहां से गुजर रही बसों और ट्रकों को रोका। चश्मदीदों के अनुसार, हमलावरों ने यात्रियों के आईडी कार्ड चेक किए और खास तौर पर पंजाब प्रांत से संबंध रखने वाले लोगों को नीचे उतारा। इसके बाद उन्हें कतार में खड़ा कर गोलियों से भून दिया गया। इस घटना ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है।
रेलवे ट्रैक और पुलिस थानों पर हमले
आतंकियों का कहर सिर्फ हाईवे तक सीमित नहीं था। उन्होंने बोलान और कलात जैसे इलाकों में भी कोहराम मचाया। खबर है कि एक अहम रेलवे पुल को विस्फोटकों से उड़ा दिया गया, जिससे बलूचिस्तान का रेल संपर्क अन्य प्रांतों से टूट गया है। इसके साथ ही, कई पुलिस स्टेशनों और लेवी (अर्धसैनिक बल) की चौकियों पर भी अंधाधुंध गोलीबारी की गई। इन हमलों का मकसद सुरक्षा बलों को उलझाए रखना और ज्यादा से ज्यादा नुकसान पहुंचाना था।
किसने ली जिम्मेदारी ?
इन हमलों की जिम्मेदारी प्रतिबंधित अलगाववादी समूह ‘बलूच लिबरेशन आर्मी’ (BLA) ने ली है। बीएलए ने एक बयान जारी कर दावा किया है कि उन्होंने एक बड़े ऑपरेशन के तहत इन हमलों को अंजाम दिया है। उनका कहना है कि वे बलूचिस्तान के संसाधनों पर बाहरी नियंत्रण का विरोध कर रहे हैं। गौरतलब है कि यह समूह पहले भी चीनी नागरिकों और पाकिस्तानी सेना को निशाना बनाता रहा है।
