फरीदाबाद, संवाददाता : हरियाणा के सूरजकुंड फेयरग्राउंड में हुए भयानक झूला हादसे में ऑन-ड्यूटी पुलिस इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद की मौत हो गई। जगदीश प्रसाद उस समय मेले में फंसे लोगों को बचाने की कोशिश कर रहे थे, जब झूला अचानक टूट कर जमीन पर गिर गया। इंस्पेक्टर जगदीश अगले महीने रिटायर होने वाले थे। हरियाणी डीजीपी ने अजय सिंघल ने कहा कि उन्हें शहीद का दर्जा दिया जाएगा। इसके अलावा परिवार को एक करोड़ और एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की।
साहस और वीरता के लिए उन्हें पहले भी 2019-20 में हरियाणा के राज्यपाल द्वारा पुलिस मेडल से सम्मानित किया जा चुका है। एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि प्रसाद 1989 में हरियाणा आर्म्ड पुलिस में शामिल हुए थे। मार्च में 36 साल की सेवा पूरी करने के बाद रिटायर होने वाले थे। उन्होंने झूले में फंसे लोगों को बचाने की बहुत बहादुरी दिखाई, लेकिन इस दौरान उन्हें गंभीर चोटें आईं। जिससे उनकी मौत हो गई।
निरीक्षक जगदीश को डीजीपी की भावपूर्ण श्रद्धांजलि
हरियाणा के पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि सूरजकुंड मेले में ड्यूटी के दौरान निरीक्षक जगदीश ने असाधारण साहस, कर्तव्यनिष्ठा और मानवीय संवेदनशीलता का परिचय दिया। उन्होंने कहा कि अत्यंत चुनौतीपूर्ण और जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में भी उन्होंने अपने कर्तव्यों से पीछे हटने के बजाय लोगों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। उनकी तत्परता और बहादुरी के कारण कई लोगों की जान बचाई जा सकी, जो पुलिस सेवा की सर्वोच्च परंपराओं का जीवंत उदाहरण है।
डीजीपी ने कहा कि निरीक्षक जगदीश का योगदान और समर्पण सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा तथा उनका निधन पुलिस विभाग के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए आश्वासन दिया कि विभाग परिवार के साथ इस कठिन समय में पूरी मजबूती से खड़ा है और हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी। साथ ही, उन्होंने सभी घायलों के शीघ्र एवं पूर्ण स्वस्थ होने की कामना की तथा संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि उनके उपचार में किसी प्रकार की कमी न रहने दी जाए।
