नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क : तेलंगाना में सोमवार को 30 माओवादियों ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। इसमें पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी (पीएलजीए) बटालियन के उप कमांडर सोडी केशालू उर्फ सोडी केशा भी शामिल हैं।
केशालू का आत्मसमर्पण पीएलजीए बटालियन कमांडर बडसे सुक्का उर्फ देवा और 19 भूमिगत कार्यकर्ताओं द्वारा तीन जनवरी को तेलंगाना पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण करने के बाद हुआ है।
पुलिस ने तब कहा था कि बडसे सुक्का के आत्मसमर्पण ने पीएलजीए और माकपा की तेलंगाना राज्य समिति के अंत की घंटी बजा दी थी। 30 मार्च को तेलंगाना के डीजीपी बी. शिवधर रेड्डी ने माकपा के भूमिगत नेताओं और कार्यकर्ताओं से हिंसा त्यागने, हथियार डालने और लोकतांत्रिक मुख्यधारा में शामिल होकर सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जीने की अपील की थी।
डीजीपी ने तेलंगाना के उन मूल निवासियों से विशेष अपील की जो वर्तमान में अन्य राज्यों में माओवादी समूहों में सक्रिय हैं। उन्होंने कहा कि पिछले दो वर्षों में तेलंगाना और छत्तीसगढ़ के विभिन्न रैंकों के 721 माओवादियों ने आत्मसमर्पण कर दिया है और मुख्यधारा में फिर से शामिल हो गए हैं।
