लखनऊ, संवाददाता : Women Reservation Bill: मायावती ने महिला आरक्षण पर भाजपा द्वारा बुलाये गए विधानसभा सत्र की तारीफ की थी। इस पर अखिलेश यादव ने कटाक्ष किया है।
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि बसपा सुप्रीमो मायावती ने या तो संसद में लाया गया बिल पढ़ा नहीं, या भाजपा ने उन्हें गलत सूचना दी। इसलिए उन्होंने (मायावती ने) महिला आरक्षण पर यूपी में बुलाए गए विशेष सत्र का स्वागत किया। महिला आरक्षण बिल तो अब कानून बन चुका है और भाजपा के नेता उस एक्ट के खिलाफ बोल रहे हैं। अखिलेश यादव ने श्रमिक दिवस के अवसर पर नोएडा के श्रमिकों पर लगाए गए मुकदमे वापस लेने और उन्हें पड़ोसी राज्यों के बराबर तनख्वाह दिए जाने की मांग भी की।
अखिलेश यादव ने प्रदेश सपा मुख्यालय पर शुक्रवार को प्रेस कांफ्रेंस की। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार देश की महिलाओं को आरक्षण नहीं देना चाहती है। महिला आरक्षण कानून के खिलाफ बोलकर भाजपा असंवैधानिक काम कर रही है। वो संसद से पास कानून नहीं स्वीकार कर रही है। भाजपा सरकार महिला आरक्षण संशोधन बिल के लिए संसद का सत्र ऐसे समय में बुलाया, जब पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव चल रहे थे। भाजपा विपक्षी दलों के सांसदों को चुनाव से चार-पांच दिन दूर करना चाहती थी।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा लगातार आम जनता के साथ साजिश कर रही है
डाटा भरवा रहे हैं, लेकिन जातीय जनगणना नहीं करवा रहे हैं। महिला आरक्षण पर मुख्यमंत्री पहले क्या बोलते थे, अब क्या बोल रहे हैं। सभी ने देखा है। मुख्यमंत्री की भाषा गिरगिटी है। संसद में भाजपा की साजिश हार गई, इसलिए उत्तर प्रदेश विधानसभा में प्रस्ताव लेकर आए थे। परिसीमन के खिलाफ सभी विपक्षी दल एक हो गए, जिससे भाजपा के धोखे का पर्दाफाश हो गया। अपनी हार को छिपाने के लिए भाजपा महिलाओं को मुद्दा बनाना चाहती है।
हरदोई मामले की हो सीबीआई जांच
अखिलेश यादव ने हरदोई की बेटी की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि वर्चस्ववादी और भाजपा के समर्थक लोगों ने उसकी हत्या कर दी। उत्तर प्रदेश सरकार से उस परिवार को न्याय नहीं मिलेगा, इसलिए सीबीआई जांच हो। सरकार परिवार को आर्थिक मदद दे।
स्मार्ट मीटर के नाम पर भरी जा रहीं अमीरों की जेबें
अखिलेश यादव ने कहा कि स्मार्ट मीटर के जरिये जनता की जेब काटी जा रही है। इसलिए जनता और महिलाएं आक्रोशित हैं। भाजपा गरीबों के पैसे निकालकर अमीरों की जेब भर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग कह रहे थे कि हरदोई में कोई कारखाना नहीं लगाया गया, जबकि सच्चाई यह है कि पेप्सिको का सबसे बड़ा कारखाना समाजवादी सरकार के माध्यम से हरदोई में लगा है। एक सवाल के जवाब में समाजवादी सरकार में धार्मिक यात्राओं में मदद होती थी। सरकार को सभी धार्मिक यात्राओं में मदद करनी चाहिए। यही हमारे देश की खूबसूरती है।
बोरे न होने से गेहूं खरीद नहीं
अखिलेश ने कहा कि प्रदेश सरकार बोरों की खरीद के लिए टेंडर ही नहीं कर पाई। इसलिए गेहूं की खरीद नहीं हो पा रही है।
