वाराणसी, संवाददाता : ज्ञानवापी स्थित व्यास जी की गद्दी जिलाधिकारी को सुपुर्दगी के प्रकरण में जिला जज की अदालत में आज की सुनवाई टल गई है। एक एडवोकेट के निधन के कारण सुनवाई नहीं हो पाई। अदालत ने अब 29 नवंबर की तारीख नियत कर दी गई है। जब कि पक्षकार बनने के लिए विश्वनाथ मंदिर के वाद मित्र विजय शंकर रस्तोगी ने इसे सामान्य नहीं राष्ट्रीय प्रकरण बताते हुए लंबी दलील रखने की बात कही। अदालती समय कम होने के कारण अदालत ने सभी पक्षकारों की सहमति से 24 नवंबर को लंच बाद सुनवाई की तिथि निश्चित कर दी थी। शैलेंद्र कुमार पाठक ने बीते 25 सितंबर को ज्ञानवापी परिसर स्थित व्यासजी का तहखाना जिलाधिकारी को सौंपने के लिए सिविल जज सीनियर डिवीजन की कोर्ट में वाद दाखिल कर दिया था। वाद में कहा गया है कि व्यासजी का तहखाना वर्षों से उनके परिवार के कब्जे में रहा। वर्ष 1993 के बाद उत्तर प्रदेश सरकार के आदेश से तहखाने की ओर बैरिकेडिंग कर दिया गया था । वर्तमान में नंदीजी के सामने स्थित व्यासजी के तहखाने का दरवाजा खुला हुआ है। ऐसी स्थिति में अंजुमन इंतेजामिया मसजिद कमेटी तहखाने पर कब्जा कर सकती है। इसलिए व्यासजी का तहखाना जिलाधिकारी की सुपुर्दगी में कर दिया जाए। Post navigation Gorakhpur Air Pollution : नौसड़-पैडलेगंज सिक्सलेन बनने से धूल का गुबार Dev Diwali में तीन गुना तक बढ़ा विमानों का किराया