नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क: विंडहोक आस्ट्रेलिया के बाएं हाथ के बल्लेबाज विल मालास्जुक ने आईसीसी अंडर 19 विश्व कप के इतिहास का सबसे तेज शतक सिर्फ 51 गेंदों में लगाया। मालास्जुक की इस विस्फोटक पारी की मदद से ऑस्ट्रेलिया ने टूर्नामेंट में मंगलवार को जापान को आठ विकेट से मात दी।
इस जीत के साथ ऑस्ट्रेलिया ने टूर्नामेंट के सुपर सिक्स में प्रवेश कर लिया है। मालास्जुक ने 55 गेंद में 102 रन बनाए और 202 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए ऑस्ट्रेलिया को आसान जीत दिलाई।
रचा इतिहास
मालास्जुक ने 23 गेंदों में अंडर-19 विश्व कप इतिहास का सबसे तेज अर्धशतक भी बनाया। अपनी पारी में उन्होंने 12 चौके और पांच छक्के लगाए। जापान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में आठ विकेट पर 201 रन बनाए थे। इसमें टानी केली ने 79 रन की धीमी पारी खेली और निहार परमार ने 33 रन बनाए। ऑस्ट्रेलिया की पारी में मालास्जुक और नितेश सैमुअल ने पहले विकेट के लिए 135 रनों की साझेदारी कर टीम को जीत की ओर बढ़ाया। सैमुअल 60 रन बनाकर नाबाद रहे और ऑस्ट्रेलिया ने 20.5 ओवर शेष रहते जीत हासिल कर ली।
ऑस्ट्रेलिया की तरफ से टॉम होगन 27 गेंदों पर 19 रन बनाकर नाबाद रहे। स्टील होगन ने 15 रनों की पारी खेली।
जापान की बल्लेबाजी फेल
जापान की बल्लेबाजी इस मैच में उम्मीद के मुताबिक कमजोर साबित हुई। उसके सिर्फ चार बल्लेबाज ही दहाई के आंकड़े में जा सके। केली के अलावा चार्ली ने 24, निहार ने 33 और अंत में मोटगोमेरी हारा हिंजे ने 29 रनों की पारी खेली। सलामी बल्लेबाज निखिल पोल बिना खाता खोले आउट हो गए थे। फिर निहार और केली ने कुछ हद तक टीम को संभाला और स्कोर 61 तक पहुंचाया। यहां निहार आउट हो गए। 105 के कुल स्कोर पर चार्ली भी पवेलियन लौट लिए। यहां से फिर लगातार विकेट गिरते रहे और जापान की टीम अच्छा स्कोर नहीं बना पाई।
