वाशिंगटन, रायटर्स : अमेरिकी नौसेना में तैनात एक कर्मी ने मंगलवार को चीन को खुफिया दस्तावेज देने की बात स्वीकार कर लिया। अमेरिकी नौसैनिक को अगस्त में गिरफ्तार कर लिया गया था। अमेरिकी नौसैनिक पर चीनी खुफिया अधिकारी को रूपये के बदले अमेरिकी सैन्य जानकारी देने के आरोप लगे थे। लॉस एंजिल्स स्थित संघीय अदालत में नौसैनिक ने करीब 15,000 डॉलर रिश्वत लेने की बात स्वीकार किया। 26 वर्षीय पेटी ऑफिसर वेनहेंग थॉमस झाओ ने अपना दोष भी स्वीकार कर लिया। कई खुफिया जानकारी चीन को भेजीसमाचार एजेंसी रायटर्स ने अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से बताया कि झाओ ने चीनी हैंडलर को इंडो पैसिफिक क्षेत्र से जुड़े सैन्य दस्तावेज भेजा था। साथ ही उसने जापान स्थित अमेरिकी सैन्य हवाई हड्डे पर एक रडार प्रणाली की जानकारी और ब्लूप्रिंट भी चीनी हैंडलर को सौंपा था। कितने वर्षों की हो सकती है सजा ?जबकि नौसैनिक को अधिकतम 20 वर्षों तक जेल की सजा सुनाई जा सकती है , लेकिन कोर्ट ने अभी सजा नहीं सुनाई है। इस प्रकरण पर झाओ के एडवोकेट ने भी कोई रिस्पांस नहीं दिया है। अमेरिका ने चीन पर लगाया आरोपकैलिफोर्निया के सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट के अमेरिकी अटॉर्नी मार्टिन एस्ट्राडा ने कहा कि झाओ ने चीन से रिश्वत लेकर अपने देशवासियों और अमेरिकी नौसेना के साथ विश्वासघात किया है। Post navigation Israel Hamas War : इजरायल के हमले में 900 की मौत, 4600 घायल ISRO अब नया कीर्तिमान रचने की तैयारी में, 21 को उड़ान भरेगा मिशन गगनयान