गोरखपुर,संवाददाता : एक महीने पहले टमाटर के भाव आसमान छूने से लोग परेशान थे, वहीं अब जमीन पर हैं। मंडी में अब इसकी कोई पूछ ही नहीं है। 40 के बजाय 200 टन आमद से मंडी में मारा फिर रहा टमाटर अब खास से आम सब्जियों में गिना जा रहा है। एक महीने पहले तक थोक में जिस टमाटर की कीमत 180 रुपये किलो पहुंच गई थी, अब 15 से 18 रुपये किलो में भी उसका उठान होना मुश्किल हो रहा है। वहीं खुदरा में भी दोहरा शतक लगाने वाला टमाटर 30 रुपये किलो तक बिक रहा है। इससे लोगों को काफी राहत मिली है। दक्षिण भारत के कर्नाटक और महाराष्ट्र में जून में हुई बारिश का असर टमाटर की आवक पर पड़ा था। जुलाई और अगस्त में बंगलूरू से सिर्फ एक से दो गाड़ियों में ही टमाटर आ रहे थे। इसमें 20 से 40 टन ही टमाटर होते थे। ये मांग की तुलना में करीब 10 गुना कम थे। ऐसे में थोक में टमाटर का दाम दोहरे शतक के पास पहुंच गया था। वहीं, फुटकर में टमाटर की कीमत 240 रुपये किलो तक पहुंच गई थी। बंगलूरू और महाराष्ट्र में बारिश कम होने के साथ ही टमाटर की आवक धीरे-धीरे बढ़ने लगी। टमाटर के थोक व्यापारी संतोष सोनकर ने बताया कि इन दिनों हर दिन 10 से 12 गाड़ियों में लगभग 200 टन टमाटर की आवक थोक मंडी में हो रही है। मांग के अनुपात में टमाटर की आवक बढ़ने से दाम में गिरावट आई है। कहा कि टमाटर के भाव में अभी और गिरावट आएगी। Post navigation G20 Delhi : विदेशी मेहमानों को खूब पसंद आ रहे भारतीय पकवान PM E-Bus Seva : 100 पीएम ई-बस सेवा से बनारस के यात्रियों को होगा मेट्रो जैसा अनुभव