पटना, डिजिटल डेस्क : Nitish Kumar : पटना का गांधी मैदान आज एक बार फिर ऐतिहासिक गवाही देता नजर आया, जब नीतीश कुमार ने रिकॉर्ड 10वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। व्यापक जनसमर्थन, देशभर के नेताओं की उपस्थिति और अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था के बीच यह क्षण बिहार की राजनीति में एक नया अध्याय फिर जोड़ दिया गया है। राज्यपाल ने नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई। उनके बाद उप मुख्यमंत्री के रूप में सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा ने भी पद एवं गोपनीयता की शपथ ग्रहण की। कुल 26 मंत्रियों ने ली शपथ इसके साथ ही एनडीए गठबंधन की नई सरकार ने औपचारिक रूप से कामकाज की शुरुआत कर दी। समारोह में कुल 26 मंत्रियों ने शपथ ली, जिनमें पहली बार मंत्री बनने वाली जमुई की विधायक श्रेयसी सिंह भी शामिल रहीं। सम्राट चौधरीविजय कुमार सिन्हाविजय चौधरीविजेन्द्र यादवश्रवण कुमारमंगल पांडेयदिलीप जायसवालअशोक चौधरीलेशी सिंहमदन सहनीनितिन नवीनरामकृपाल यादवसंतोष सुमनसुनील कुमारमो जमां खानसंजय सिंह टाइगरअरुण शंकर प्रसादसुरेन्द्र मेहतानारायण प्रसादरमा निषादलखेन्द्र कुमार रोशनश्रेयसी सिंहडा प्रमोद कुमारसंजय कुमारसंजय कुमार सिंहदिपक प्रकाश ‘जय बिहार’, ‘नीतीश कुमार जिंदाबाद’ जैसे गूंजते रहे नारे गांधी मैदान में सुबह से ही भीड़ उमड़नी शुरू हो गई थी। बड़ी संख्या में लोग विभिन्न जिलों से पटना पहुंचे और माहौल पूरी तरह उत्सव जैसा दिखा। जगह-जगह ‘जय बिहार’, ‘नीतीश कुमार जिंदाबाद’ जैसे नारे गूंजते रहे। समर्थकों ने गमछे हवा में लहराकर नेताओं का अभिवादन किया। इस शपथ ग्रहण समारोह को खास बनाने वाला एक महत्वपूर्ण पहलू था प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी। बिहार के इतिहास में यह पहली बार हुआ कि किसी मुख्यमंत्री के शपथ ग्रहण में प्रधानमंत्री स्वयं उपस्थित रहे। पीएम मोदी की मौजूदगी ने समारोह की गरिमा और राजनीतिक महत्व को कई गुना बढ़ा दिया। प्रधानमंत्री के अलावा असम, हरियाणा, नागालैंड, मेघालय, उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री सहित 16 राज्यों के मुख्यमंत्री और कई केंद्रीय मंत्रियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक माहौल भी चरम पर रहा। मंच से छठ गीतों और भोजपुरी संगीत ने लोगों को लगातार ऊर्जा दी। मनोज तिवारी और पवन सिंह जैसे कलाकारों की मौजूदगी ने भीड़ में अलग उत्साह पैदा किया। कार्यक्रम का संचालन बांकीपुर के विधायक नितिन नवीन ने किया, जिन्होंने पूरे संयम और जोश के साथ मंच गतिविधियों को संभाला। आज का यह शपथ ग्रहण सिर्फ एक औपचारिक घटना नहीं, बल्कि बिहार की बदलती राजनीतिक दिशा, नेतृत्व में स्थिरता और भविष्य की नई उम्मीदों का प्रतीक बन गया। जनता की भारी मौजूदगी ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि नीतीश कुमार की यह नई पारी राज्य की जनता की अपेक्षाओं के साथ शुरू हो रही है। Post navigation Arjun Erigaisi की हार से FIDE विश्व कप में भारत का सफर समाप्त धरती के पास दिखा अनोखा नजारा, NASA ने ली तस्वीरें