भोपाल, ब्यूरो : नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी को अपनी ही सरकार द्वारा किए गए काम पर सवाल उठाने को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने फटकार लगाई। कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने उन्हें बुलाया सवाल-जवाब किए। राज्य मंत्री के आचरण पर आपत्ति जताते हुए सीएम ने सख्त हिदायत दी कि मंत्री होते हुए विपक्ष जैसा आचरण न करें। इसके बाद वे काफी समय तक सचिव आलोक सिंह के पास बैठी रहीं। राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी ने सतना जिले के पोड़ी-मनकहरी मार्ग का निरीक्षण किया था दरअसल, दो दिन पहले राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी ने सतना जिले के पोड़ी-मनकहरी मार्ग का निरीक्षण किया था। उन्होंने पैर से गिट्टी-डामर हटाते हुए गुणवत्ताहीन काम का आरोप लगाया। साथ ही ठेका निरस्त करने और अधिकारियों पर कार्रवाई करने के निर्देश दे दिए। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर बहुप्रसारित हुआ, जिससे विपक्ष को सरकार पर हमला करने का मौका मिल गया। सूत्रों के अनुसार सोमवार को मंत्रालय में कैबिनेट की बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने प्रतिमा बागरी को अपने कक्ष में बुला लिया। इसके पहले वे मार्ग से संबंधित पूरी जानकारी भी मंगा चुके थे। मार्ग पर डामर नवीनीकरण का काम हुआ था। राज्यमंत्री ने जब सड़क की गुणवत्ता और जिले के कार्यपालन अभियंता को लेकर शिकायत की तो मुख्यमंत्री ने कहा कि आपने जिस मार्ग की बात उठाई, उस पर तो विभाग पहले ही कार्रवाई कर चुका है। आप मंत्री हैं और ऐसा आचरण बिलकुल भी ठीक नहीं है। 15 दिसंबर को कर दी थी कार्रवाईगुणवत्ताहीन कार्य की जानकारी सामने आने के बाद 15 दिसंबर 2025 को अनुविभागीय अधिकारी लोक निर्माण विभाग उपसंभाग मझगवां ने उपयंत्री सुरेन्द्र सिंह के साथ स्थल निरीक्षण किया। निरीक्षण में किमी 3/10 से 3/4 तक कार्य अमानक मिला, जिसे अमान्य घोषित कर ठेकेदार को मानक स्तर का कार्य दोबारा कराने के निर्देश दिए गए। 19 दिसंबर को कार्यपालन यंत्री (ईई) ने भी उक्त कार्य को निरस्त कर दिया। Post navigation Bharat – New Zealand के बीच मुक्त व्यापार समझौता की घोषणा Odisha : वन विभाग ने 7 करोड़ की थार के कस्टमाइजेशन पर खर्च किए 5 करोड़