नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क : पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा कि उद्योग भर में ऑनलाइन एलपीजी बुकिंग लगभग 98 प्रतिशत तक बढ़ गई है। घरेलू एलपीजी सिलेंडर की डिलीवरी सामान्य बनी हुई है; निर्बाध घरेलू आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए अधिकांश वितरक केन्द्र रविवार को भी खुले। वहीं, मार्च 2026 से अब तक देश भर में 1.28 लाख से अधिक छापे मारे गए हैं और 59,000 से अधिक सिलेंडर जब्त किए गए हैं। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने देश के नागरिकों को सलाह जारी करते हुए कहा कि वे पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की घबराहट में खरीदारी करने से बचें और जानकारी के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें। मंत्रालय ने कहा कि वे अफवाहों से सावधान रहें और सही जानकारी के लिए आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करें। कल सोमवार को पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय होर्मुज जलडमरूमध्य को प्रभावित करने वाले मौजूदा घटनाक्रमों के बीच पेट्रोलियम उत्पादों और एलपीजी की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए उठाए जा रहे उपायों की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए वर्तमान ईंधन आपूर्ति स्थिति पर अद्यतन जानकारी दी। एलपीजी उपभोक्ताओं से अनुरोध डिजिटल बुकिंग प्लेटफॉर्म का उपयोग करें इस दौरान, एलपीजी उपभोक्ताओं से अनुरोध किया गया कि वे डिजिटल बुकिंग प्लेटफॉर्म का उपयोग करें और वितरकों के पास जाने से बचें। वहीं नागरिकों को पीएनजी और इलेक्ट्रिक या इंडक्शन कुकटॉप जैसे वैकल्पिक ईंधन का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। साथ ही सरकार ने सभी नागरिकों से आग्रह किया है कि वे वर्तमान स्थिति में अपने दैनिक उपयोग के दौरान ऊर्जा की बचत करें। मौजूदा भू-राजनीतिक स्थिति के बावजूद, सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि घरेलू एलपीजी, घरेलू पीएनजी और सीएनजी (परिवहन) की शत प्रतिशत आपूर्ति की जा रही है। इसके अलावा, व्यावसायिक एलपीजी आपूर्ति में अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों को प्राथमिकता दी गई है। इसके अतिरिक्त, फार्मा, इस्पात, ऑटोमोबाइल, बीज, कृषि आदि उद्योगों को भी प्राथमिकता दी गई है। साथ ही, प्रवासी श्रमिकों को 5 किलोग्राम एफटीएल की आपूर्ति 2 और 3 मार्च 2026 को दी गई औसत दैनिक आपूर्ति के आधार पर दोगुनी कर दी गई है। सरकार ने आपूर्ति और मांग दोनों पक्षों पर कई युक्तिकरण उपाय पहले ही लागू कर दिए हैं। इनमें रिफाइनरी उत्पादन बढ़ाना, शहरी क्षेत्रों में बुकिंग अंतराल को 21 से बढ़ाकर 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन तक करना और आपूर्ति के लिए क्षेत्रों को प्राथमिकता देना शामिल है। एलपीजी की मांग पर दबाव कम करने के लिए केरोसिन और कोयले जैसे वैकल्पिक ईंधन उपलब्ध कराए गए हैं। कोयला मंत्रालय ने कोल इंडिया और सिंगारेनी कोलियरीज को छोटे और मध्यम उपभोक्ताओं को वितरण के लिए राज्यों को अतिरिक्त कोयले की आपूर्ति करने का निर्देश दिया है। राज्यों को घरेलू और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं के लिए नए पीएनजी कनेक्शन की सुविधा प्रदान करने की सलाह दी गई है। Post navigation PM Modi ने दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का किया उद्घाटन CG : सक्ती के वेदांता पावर प्लांट में बॉयलर फटने से 40 मजदूर झुलसे