कोलकाता, संवाददाता : कलकत्ता हाई कोर्ट ने बंगाल सरकार को अगले दो सप्ताह के अंदर रिपोर्ट जमा करके यह बताने को कहा है कि पश्चिम मेदिनीपुर जिले के मयना इलाके की सात हजार महिलाएं लक्ष्मी भंडार योजना के लाभ से वंचित क्यों हो गई हैं। मामले पर आगामी 17 फरवरी को अगली सुनवाई होगी। मालूम हो कि ये महिलाएं मयना इलाके के बाकचार ग्राम पंचायत इलाके की रहने वाली हैं। इस ग्राम पंचायत पर वर्तमान में भाजपा का कब्जा है। मालूम हो कि लक्ष्मी भंडार योजना के तहत बंगाल सरकार की ओर से अनुसूचित जाति/जनजाति की महिलाओं को हर महीने 1200 व सामान्य श्रेणी की महिलाओं को 1000 रुपये प्रदान किए जाते हैं। मामला कारी महिलाओं का कहना है कि पिछले साल सितंबर से उन्हें लक्ष्मी भंडार के तहत राज्य सरकार से रुपये मिलना बंद हो गया है। आरोप लगाया कि राजनीतिक कारणों से ऐसा किया गया है। मुख्य न्यायमूर्ति सुजय पाल व न्यायमूर्ति पार्थसारथी सेन की खंडपीठ ने मामले पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार को इसका कारण बताने को कहा है। खंडपीठ ने यह भी कहा है कि मामले पर सुनवाई के कारण योजना के तहत रुपये देना बंद न रखा जाए, यह भी सुनिश्चित करना होगा। Post navigation Bangladesh : चुनाव से पहले शेख हसीना की एंट्री- ‘वैध सरकार’ का दिया नारा पायलट समूह ने लोगों से की अपील,बारामती विमान दुर्घटना पर नहीं फैलाएं अफवाह