लुम्बिनी में तीसरा अंतरराष्ट्रीय शांति सम्मेलन शुरू

Third-International-Peace-Conference

नई दिल्ली, एजेंसी : लुम्बिनी में तीसरा अंतरराष्ट्रीय शांति सम्मेलन शुरू हो गया है। शुक्रवार से यहां शांति सम्मेलन के साथ-साथ तीसरा अंतरराष्ट्रीय ध्यान दिवस भी आरंभ हुआ है। यह आयोजन नेपाल सरकार के पर्यटन तथा संस्कृति मंत्रालय, नेपाल पर्यटन बोर्ड, लुम्बिनी विकास कोष और नेपाल ओलंपिक समिति ने संयुक्त रूप से किया गया है।

आज के विश्व में शांति ही एकमात्र प्रमुख विकल्प

इस अवसर पर संस्कृति, पर्यटन तथा नागरिक उड्डयन मंत्री अनिल कुमार सिन्हा ने कहा कि अव्यवस्थित और चुनौतियों से भरे आज के विश्व में शांति ही एकमात्र प्रमुख विकल्प है। उन्होंने कहा कि वर्तमान अनिश्चित और अस्थिर परिस्थितियों में शांति ही मानव जाति की साझा आकांक्षा और सभ्यता का मूल आधार है। उन्होंने यह भी कहा कि लुम्बिनी से पूरे विश्व में शांति का संदेश फैलाया जा सकता है।

लुम्बिनी विश्व शांति का स्रोत और मानवता की साझा धरोहर

मंत्री सिन्हा ने कहा, “लुम्बिनी विश्व शांति का स्रोत और मानवता की साझा धरोहर है। यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल यह स्थल अशोक स्तंभ के माध्यम से विश्वभर में बौद्ध धर्म और शांति का संदेश फैलाता रहा है। अशांति से भरी दुनिया में भगवान बुद्ध की करुणा और अहिंसा का संदेश शांति प्रदान कर सकता है।”

लुम्बिनी केवल एक धर्म का केंद्र नहीं, बल्कि शांति का एक महत्वपूर्ण प्रतीक

उन्होंने कहा कि लुम्बिनी केवल एक धर्म का केंद्र नहीं, बल्कि मानव सभ्यता की यात्रा में शांति का एक महत्वपूर्ण प्रतीक है। इस बार का लुम्बिनी अंतरराष्ट्रीय शांति महोत्सव ध्यान, संगीत कार्यक्रम और मैराथन जैसे विभिन्न माध्यमों के जरिए शांति, विकास, समानता, न्याय, लोकतंत्र और स्वतंत्रता जैसे साझा मूल्यों पर दुनिया भर के लोगों को एकजुट करेगा।

उन्होंने कहा कि यदि मन शांत होगा तो देश भी शांत रहेगा, मन सुरक्षित होगा तो सभी प्राणी सुरक्षित होंगे, और मन में समानता होगी तो पूरा विश्व भी समान और संतुलित रहेगा।

India’s cricketers will score 200 against New Zealand Designs of Mehendi for Karwa Chauth in 2024 Indian Women’s T20 World Cup Qualifiers Simple Fitness Advice for the Holidays Top 5 Business Schools in the World