नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क : बच्चों के बढ़ते स्क्रीनटाइम और इंटरनेट मीडिया के असर को लेकर चिंतित नॉर्वे ने बड़ा कदम उठाने की तैयारी कर ली है। सरकार 16 साल से कम उम्र के बच्चों के इंटरनेट मीडिया उपयोग पर रोक लगाने के लिए संसद में विधेयक लाने जा रही है, जिसमें टेक कंपनियों को उम्र सत्यापन की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। 16 साल से कम उम्र के बच्चे नहीं चला सकेंगे इंटरनेट प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोर ने साफ कहा कि यह कदम इसलिए उठाया जा रहा है ताकि बच्चों का बचपन सुरक्षित रह सके। उनका कहना है कि खेल, दोस्ती और सामान्य जीवन को एल्गोरिदम और स्क्रीन के हवाले नहीं किया जा सकता। सरकार का मानना है कि यह कदम बच्चों के डिजिटल जीवन को सुरक्षित करने की दिशा में अहम साबित होगा। यूरोप के कई देश अब इस दिशा में सोच रहे हैं, खासकर तब जब आस्ट्रेलिया पहले ही 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए इंटरनेट मीडिया पर रोक लगाकर पहल कर चुका है। हालांकि सरकार ने अभी यह स्पष्ट नहीं किया है कि किन प्लेटफॉर्म्स को इस दायरे में लाया जाएगा। लेकिन उदाहरण के तौर पर ऑस्ट्रेलिया के नियम मेटा के इंस्टाग्राम और फेसबुक, टिकटॉक, स्नैपचैट, गूगल के यूट्यूब और एलन मस्क के एक्स जैसे प्लेटफॉर्म्स पर लागू हैं। Post navigation 5वें हफ्ते भी Dhurandhar 2 ने बॉक्स ऑफिस पर छोड़ी छाप, हर रिकॉर्ड ध्वस्त अमेरिका में फ्यूल, गैस की बढ़ती कीमतों से जनता नाराज