सुकमा,संवाददाता :सुकमा में नक्सली-मुक्त भारत के संकल्प को साकार करने के उद्देश्य से सुकमा जिले में सुरक्षाबलों द्वारा की जा रही कार्रवाई ने गति पकड़ ली है। जवान न केवल नक्सली संगठनों की कमर तोड़ने और उनके नेटवर्क को ध्वस्त करने में सफल हो रहे हैं, बल्कि उनके द्वारा स्थापित स्मारकों को नष्ट कर उनके निशान भी मिटा रहे हैं। इसी क्रम में, थाना चिंतागुफा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम कडतीपारा में नक्सलियों द्वारा बनाए गए एक महत्वपूर्ण स्मारक को सुरक्षाबलों ने ध्वस्त कर दिया। यह स्मारक नक्सली संगठन के लिए एक आधार स्तंभ के रूप में कार्य कर रहा था, जिससे उसकी कार्यप्रणाली को बल मिलता था।
सुरक्षाबलों की सफल कार्रवाई
सीआरपीएफ की दूसरी बटालियन के जवानों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर नक्सली स्मारक को पूरी तरह से नष्ट कर दिया। कमलेश कुमार के निर्देशन में संपन्न हुई इस कार्रवाई को नक्सली-मुक्त भारत की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सुरक्षाबलों की ओर से लगातार की जा रही ऐसी कार्रवाइयां नक्सलियों की उपस्थिति और उनके प्रभाव को जड़ से समाप्त करने का स्पष्ट संदेश दे रही हैं। इन प्रयासों से क्षेत्र में शांति और सुरक्षा स्थापित करने में मदद मिल रही है, जो विकास और जन-कल्याण के लिए आवश्यक है।
नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक लड़ाई
सुरक्षाबलों की यह कार्रवाई न केवल नक्सलियों के हौसले पस्त कर रही है, बल्कि स्थानीय निवासियों में भी सुरक्षा की भावना को मजबूत कर रही है। नक्सली गतिविधियों के कारण लंबे समय से भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ था, जिसे अब इन प्रभावी कार्रवाइयों से दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। स्मारक को ध्वस्त करना एक प्रतीकात्मक कदम है, जो यह दर्शाता है कि राज्य और सुरक्षा एजेंसियां नक्सलवाद के किसी भी स्वरूप को बर्दाश्त नहीं करेंगी। यह कदम क्षेत्र में स्थायी शांति और विकास की ओर एक ठोस पहल है।
