संभल. संवाददाता : sambhal news : उत्तर प्रदेश के संभल जिले में सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण को लेकर एक और मामला सामने आया है। प्रशासन के मुताबिक गांव सैफ खां सराय में ग्राम समाज की जमीन पर मस्जिद, दरगाह और मकान बनाए जाने का आरोप है। इस मामले में तहसीलदार न्यायालय ने कब्जाधारियों को जमीन खाली करने का आदेश दिया है और भारी जुर्माना भी लगाया है।
प्रशासनिक रिपोर्ट के अनुसार यह जमीन ग्राम समाज की है और राजस्व रिकॉर्ड में इसे पौधारोपण के लिए आरक्षित बताया गया है। लेखपाल की रिपोर्ट में कहा गया कि गाटा संख्या 452 की लगभग 1340 वर्ग मीटर जमीन पर शहर के इमाम मौलाना आफताब हुसैन वारसी और उनके भाई मेहताब हुसैन का मकान, मस्जिद और दरगाह बने हुए हैं। बताया जा रहा है कि यह निर्माण कई दशक पहले किया गया था।
अदालत ने दोनों आरोपियों को जमीन खाली करने का दिया निर्देश
मामले की जांच के बाद तहसीलदार की अदालत ने दोनों आरोपियों को जमीन खाली करने का निर्देश दिया है। साथ ही करीब 6.94 करोड़ रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि संबंधित लोग स्वयं कब्जा नहीं हटाते हैं तो प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई कर अतिक्रमण हटाया जाएगा।
सुनवाई के दौरान मौलाना आफताब हुसैन वारसी ने इस जमीन को वक्फ संपत्ति बताते हुए आपत्ति दर्ज कराई थी। हालांकि अदालत में इस दावे के समर्थन में पर्याप्त दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके। इसके बाद अदालत ने बेदखली का आदेश जारी कर दिया।
संभल जिले में प्रशासन द्वारा अवैध निर्माण के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पहले भी कई स्थानों पर कार्रवाई की जा चुकी है। सलेमपुर सालार, राया बुजुर्ग और नरौली जैसे क्षेत्रों में अवैध निर्माण हटाए गए हैं।
प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार अब तक जिले में लगभग 17 मस्जिदें, 12 मजारें और दो मदरसों को अतिक्रमण मुक्त कराया जा चुका है। इसके अलावा कुछ अन्य स्थानों पर भी नोटिस जारी कर आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है।
