नई दिल्ली,एजेंसी : भारतीय सेना ने सिक्किम में अपने पूर्व सैनिकों की सुविधा और स्वास्थ्य सुरक्षा को मजबूत करने के लिए एक बड़ी पहल की है। सेना की त्रिशक्ति कोर ने दवाइयों की होम डिलीवरी सेवा का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया है, जिसके तहत पात्र पूर्व सैनिकों को अब उनकी जरूरी दवाइयां सीधे घर तक पहुंचाई जाएंगी।
यह सेवा ECHS पॉलीक्लिनिक, गंगटोक, भारतीय डाक विभाग और CSC ई-गवर्नेंस सर्विसेज इंडिया लिमिटेड के सहयोग से शुरू की गई है।
इसका उद्देश्य खासतौर पर दूर-दराज और पहाड़ी इलाकों में रहने वाले उन पूर्व सैनिकों की मदद करना है, जिन्हें दवाइयां लेने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी।
पहले चरण में 58 लाभार्थी शामिल
शुरुआती चरण में दक्षिण, उत्तर और पश्चिम सिक्किम के करीब 58 पूर्व सैनिकों को इस सेवा से जोड़ा गया है।
ये सभी ऐसे लाभार्थी हैं, जिन्हें दवाइयां लेने के लिए काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था।
कई लाभार्थी बुजुर्ग या शारीरिक रूप से कमजोर हैं, जिनके लिए बार-बार पॉलीक्लिनिक जाना मुश्किल और समय लेने वाला होता है।
जल्द पूरे सिक्किम में विस्तार
सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पायलट प्रोजेक्ट को अच्छा रिस्पॉन्स मिला है और अगले चरण में इस सेवा को सभी पात्र पूर्व सैनिकों तक बढ़ाया जाएगा।
इस पहल से इलाज की निरंतरता बनी रहेगी और बुजुर्ग व दिव्यांग पूर्व सैनिकों पर पड़ने वाला शारीरिक और आर्थिक बोझ भी कम होगा।
यह पहल केंद्रीय संगठन एक्स-सर्विसमैन हेल्थ स्कीम (ECHS) के अखिल भारतीय कार्यक्रम का हिस्सा है और यह दिखाती है कि भारतीय सेना तकनीक और विभागों के सहयोग से पूर्व सैनिकों की जीवन गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।
