नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने ईरान को दिया हुआ 48 घंटे का अल्टीमेटम खत्म होने के बाद एलान किया कि अमेरिका ईरान के पावर प्लांट्स पर अगले 5 दिन तक हमला नहीं करेगा। ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ बातचीत सकारात्मक रही है और अगले कुछ दिनों में मिडिल ईस्ट का तनाव खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जाएगा।
लेकिन ईरान ने ट्रंप के दावों को सिरे से ही खारिज कर दिया है। ईरान ने साफ तौर पर कहा है कि अमेरिका के साथ न कोई पहले कोई बातचीत हुई है और न ही अभी कोई बातचीत हो रही है। ईरान ने कहा है कि ट्रंप केवल ऊर्जा बाजार को स्थिर करने के लिए ऐसे बयान दे रहे हैं, क्योंकि कीमतें लगातार बढ़ रही हैं।
ट्रंप पर लगाए गंभीर आरोप
ईरान ने यह भी कहा है कि होर्मुज रूट खोलने को लेकर कोई फैसला नहीं किया गया है और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की स्थिति युद्ध से पहले जैसी नहीं की जाएगी। ईरान ने चेतावनी दी है कि ऊर्जा बाजार इसी तरह अस्थिर बना रहेंगे। ईरान ने कहा कि ट्रंप केवल समय बिताने की कोशिश कर रहे हैं।
ईरान की तस्नीम समाचार एजेंसी ने एक ईरानी अधिकारी के हवाले से यह बातें लिखीं। एजेंसी के मुताबिक, ईरानी अधिकारी ने यह भी आरोप लगाया है कि ट्रंप केवल वित्तीय बाजारों के दबाव के चलते ईरान के क्रिटिकल इंफ्रास्ट्र्क्चर पर हमला करने से पीछे हट गए हैं। उन्होंने कहा कि ईरान इसी तरह अपनी रक्षा करता रहेगा।
बता दें कि ट्रंप ने दो दिन पहले ईरान को धमकी दी थी कि अगर उसने 48 घंटे में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को नहीं खोला तो ईरान के पावर प्लांट्स पर हमले किए जाएंगे। लेकिन 48 घंटे पूरे होते ही ट्रंप ने नया दांव खेल दिया कि ईरान ने खुद आगे बढ़कर बातचीत की पहल की है और दोनों देश समझौता करना चाहते हैं।
