एपी, वाशिंगटन : गाजा पट्टी में हमले को रोककर अस्थायी युद्धविराम लागू करने को लेकर अमेरिका और इजरायल में मतभेद सामने आ गए हैं। गुरुवार को व्हाइट हाउस के प्रवक्ता के अनुसार प्रतिदिन चार घंटे के लिए हमले रोकने पर सहमति बन गई है और इजरायली सेना इसे लागू करेगी। इस दौरान मानवीय सहायता का वितरण हो सकेगा और लोग सुरक्षित तरीके से मन पसंद स्थानों पर जा सकेंगे। इस बाबत इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के बीच टेलीफोन वार्ता में सहमति बन गई है। इजरायल पीएम ऑफिस सहमति से किया इनकार वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति के कार्यालय की घोषणा के कुछ ही देर बाद इजरायली प्रधानमंत्री के कार्यालय ने ऐसी किसी सहमति से इनकार कर दिया। बोले, सभी बंधकों की वापसी होने तक गाजा में लड़ाई निरंतर जारी रहेगी, अब वहां कोई युद्धविराम लागू नहीं होगा। पीएम नेतन्याहू के कार्यालय ने क्या कहा ?पीएम नेतन्याहू के ऑफिस ने कहा कि आमजनों के उत्तरी गाजा से दक्षिणी हिस्से में जाने के लिए सोमवार से चार घंटे का समय निर्धारित था। बुधवार को करीब 50 हजार लोग सुरक्षित कारिडोर से दक्षिणी में भाग गए। लोगों की बड़ी संख्या को देखते हुए गुरुवार को निकासी का समय छह घंटे कर दिया गया। लेकिन गाजा सिटी और गाजा पट्टी के अन्य हिस्सों में लड़ाई जारी रहेगी । इस के पहले व्हाइट हाउस में राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता जान किर्बी के अनुसार कि हमले रोककर लोगों को निकालने की व्यवस्था सोमवार से लागू है और इसे आगे भी जारी रखा जाएगा। लड़ाई में अब तक करीब 12 हजार लोगों की मृत्युइजरायली अधिकारियों के अनुसार , 7 अक्टूबर को हमास के हमले के बाद गाजा में एक महीने से ज्यादा समय से लड़ाई चल रही है, इसमें लगभग 1400 से अधिक लोग मारे गए। इनमें अधिकतर आम लोग थे। वहीं 239 को बंधक बना लिए गए। वहीं, हमास द्वारा संचालित फलस्तीनी क्षेत्र में स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार कि गाजा में हमास को नष्ट करने के लिए इजरायल के जवाबी सैन्य अभियान में 10,569 लोग मारे गए हैं, जिनमें ज्यादातर नागरिक भी सम्मिलित हैं। Post navigation Lucknow : ऑनलाइन नहीं बाजारों से करें खरीदारी – संदीप बंसल Spain : संदिग्ध जिहादी के आरोप में 14 पाकिस्तानी गिरफ्तार