बरेली, संवाददाता : Bareilly,Newas: मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) हो रहा है, जिसमें चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। बरेली में एक बूथ ऐसी भी है, जहां मतदाताओं की 1123 है, लेकिन सिर्फ 102 ही पात्र हैं। कुछ अन्य बूथों पर भी इस तरह के मामले सामने आए हैं।
बरेली के कैंट और नगर विधानसभा क्षेत्रों में अपात्र (मृतक, शिफ्टेड, अनुपस्थित) मतदाताओं की संख्या सर्वाधिक है। नो मैपिंग (वर्ष 2003 की वोटर लिस्ट में लिंक न मिलना) के मामले भी कम नहीं हैं। एक बूथ ऐसा भी है, जहां 1123 मतदाताओं में से सिर्फ 102 के ही अभिलेख मिले हैं। फिलहाल, मंडलायुक्त के निर्देश पर जिला प्रशासन ने दोबारा सर्च अभियान शुरू कराया है।
अपात्र एवं नो मैपिंग वाले वोटरों की संख्या अधिक है-उप जिला निर्वाचन अधिकारी
उप जिला निर्वाचन अधिकारी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि जहां भी अपात्र एवं नो मैपिंग वाले वोटरों की संख्या अधिक है, उन क्षेत्रों में सत्यापन के लिए राजनीतिक दलों व अन्य प्रतिनिधियों का भी सहयोग लिया जा रहा है। प्रतिदिन के कार्य की समीक्षा भी हो रही है। बीएलए की अपेक्षा पार्षदों का काफी सहयोग मिल रहा है। इनकी सक्रियता से बीएलओ का कार्य आसान हो रहा है और अपात्रों में कुछ पात्र वोटर भी मिल रहे हैं। उनके नाम मतदाता सूची में बढ़ाने के लिए उनसे गणना प्रपत्र भराए जा रहे हैं। जिन युवाओं की आयु एक जनवरी 2026 को 18 वर्ष पूर्ण हो रही है, उनसे भी मतदाता सूची में नाम बढ़ाए जाने के लिए आवेदन कराए जा रहे हैं।
544 मतदाताओं का वोटर लिस्ट से कोई लिंक नहीं
बरेली शहर विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर 211 पर 1123 वोटर हैं। इसमें 544 यानी 48.44 प्रतिशत मतदाताओं का वर्ष 2003 की वोटर लिस्ट से कोई भी लिंक नहीं मिला है। इस बूथ पर 477 वोटर एएसडी (मृतक, शिफ्टेड, अनुपस्थित) श्रेणी के मिले हैं। बूथ संख्या 187 पर 1049 मतदाता हैं। इसमें 477 अर्थात 45.47 फीसदी वोटर नो मैपिंग श्रेणी में हैं। 388 अपात्र मिले हैं। बूथ संख्या 143 पर 956 मतदाता हैं। इसमें 428 अर्थात 44.77 फीसदी वोटर नो मैपिंग श्रेणी में हैं, जबकि 371 अपात्र मिले हैं। बूथ संख्या 152 पर 1225 वोटरों में से 543 अर्थात 44.33 फीसदी वोटर नो मैपिंग श्रेणी के और 530 अपात्र पाए गए हैं।
