नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क : बांग्लादेश की अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना ने 12 फरवरी को होने वाले चुनावों की वैधता पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने चेतावनी दी है कि उनकी पार्टी ‘अवामी लीग’ को चुनावी प्रक्रिया से बाहर रखना देश को दीर्घकालिक अस्थिरता की ओर धकेल सकता है।
उन्होंने कहा कि बिना समावेशी और निष्पक्ष चुनावों के बांग्लादेश का भविष्य अंधकारमय है। उन्होंने मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार पर आरोप लगाया कि वह अवामी लीग के लाखों समर्थकों को जानबूझकर उनके मताधिकार से वंचित कर रही है।
उन्होंने तर्क दिया कि जब आबादी के एक बड़े हिस्से को राजनीतिक भागीदारी से रोका जाता है, तो यह संस्थानों की वैधता को खत्म करता है और भविष्य में विद्रोह की स्थिति पैदा करता है। गौरतलब है कि 2024 के छात्र आंदोलन के दौरान हुई सैकड़ों मौतों के मामले में बांग्लादेश की एक अदालत ने हसीना को मानवता के खिलाफ अपराधों के लिए मौत की सजा सुनाई है।
