नई दिल्ली, न्यूज़ डेस्क : बांग्लादेश में तारिक रहमान की अगुवाई में सरकार बनने के बाद दोनों देशों के संबंधों को सामान्य बनाने की कोशिश तेज हो गई है। दोनों देशों के बीच वीजा सेवाओं को बहाल करने को लेकर बातचीत अंतिम चरण में है और जल्द ही वीजा सेवाओं के बहाल होने व इसके पहले की तरह सामान्य किये जाने की संभावना है।
अगले एक-दो दिनों के भीतर भारत की तरफ से बांग्लादेशी नागरिकों को चिकित्सा व कुछ अन्य जरूरतों के लिए वीजा देने की शुरुआत की जा रही है। बांग्लादेश उच्चायोग के अधिकारियों ने भी बताया है कि वह भारतीयों को वीजा देने का काम शुरू करने जा रहे हैं।
वीजा सेवाओं की बहाली अंतिम चरण में
पिछले साल जब ढाका स्थिति भारतीय उच्चायोग के भवन के आस पास प्रदर्शनकारियों ने हमला किया था तो सुरक्षा वजहों को कारण बताते हुए भारत सरकार ने वीजा सेवाएं अस्थगित कर दी थी। इसके बाद मोहम्मद युनूस की अंतरिम सरकार ने भी ऐसा ही किया था।
नई सरकार के आने के बाद दोनों देशों के उच्चायोगों के बीच संपर्क बना हुआ है। इसी बीच भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा है कि वह पड़ोसी देश के साथ संबंधों को बेहतर करने को प्रतिबद्ध है।
सामान्य हो रहे भारत-बांग्लादेश संबंध
इधर, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रंधीर जायसवाल से जब भारत व बांग्लादेश के संबंधों को लेकर सवाल पूछा गया तो उनका जवाब था कि, ‘भारत के प्रधानमंत्री ने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री श्री तारिक रहमान को उनकी चुनावी जीत के तुरंत बाद बधाई दी।
लोकसभा के माननीय स्पीकर श्री ओम बिरला ने 17 फरवरी 2026 को शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा लिया और प्रधानमंत्री की ओर से एक पत्र प्रधानमंत्री रहमान को सौंपा। इस पत्र में भारत की प्रतिबद्धता जताई गई कि हम एक लोकतांत्रिक, प्रगतिशील और समावेशी बांग्लादेश का समर्थन करते रहेंगे।
दोनों देशों के बीच गहरे और ऐतिहासिक संबंधों को आधार बनाते हुए, भारत बांग्लादेश के साथ अपनी बहुआयामी द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने की उम्मीद करता है।’
