लखनऊ, डॉ.जितेंद्र बाजपेयी : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस विभाग की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में युवाओं के लिए रोजगार और प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि इस साल पुलिस विभाग में 81,000 से अधिक पदों पर सीधी भर्तियां की जाएंगी। इनमें उपनिरीक्षक (SI), आरक्षी नागरिक पुलिस (Constable), रेडियो सहायक परिचालक, कंप्यूटर ऑपरेटर ग्रेड-ए और गोपनीय श्रेणी के पद शामिल हैं।
सीएम ने पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड को इन नियुक्तियों में पूर्ण पारदर्शिता और आरक्षण नियमों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं। प्रदेश में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए तकनीक और डेटा आधारित पेट्रोलिंग को बढ़ावा दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने PRV (पुलिस रिस्पांस व्हीकल) के रिस्पांस टाइम को वर्तमान के 6 मिनट से और कम करने का लक्ष्य दिया है। साथ ही, राजभवन, सीएम आवास और पुलिस मुख्यालय जैसे संवेदनशील स्थलों पर लंबे समय से तैनात पुलिसकर्मियों के स्थानांतरण के आदेश भी दिए गए हैं।
एक तहसील-एक फायर टेंडर’ के लक्ष्य को पूरा करने के लिए हर जिले में कम से कम एक हाइड्रोलिक फायर टेंडर अनिवार्य किया गया है।
अधिकारियों ने बताया कि पिछले वर्ष अग्निशमन सेवाओं ने 800 करोड़ रुपये की संपत्ति बचाई है। साइबर सुरक्षा के मोर्चे पर, हेल्पलाइन 1930 की सक्रियता बढ़ने से पिछले वित्तीय वर्ष में 425.7 करोड़ रुपये की राशि सुरक्षित की गई।
