लखनऊ, शिव सिंह : UP-112 : साइबर क्राइम मुख्यालय और यूपी-112 मुख्यालय की संयुक्त टीम के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ पुलिस महानिदेशक विनोद कुमार सिंह ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों एवं शैक्षणिक संस्थानों के करीब 450 विद्यार्थियों और शिक्षकों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में दिल्ली पब्लिक स्कूल, एलनहाउस पब्लिक स्कूल और विज्ञान फाउंडेशन सहित विभिन्न संस्थानों के विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया गया। साइबर सेल की टीम के साइबर कमांडो ने डिजिटल अरेस्ट, ब्लैकमेलिंग, निवेश के नाम पर धोखाधड़ी, गेमिंग और बेटिंग ऐप से जुड़े जोखिम, सोशल मीडिया फ्रॉड तथा डीपफेक वीडियो जैसे साइबर खतरों के बारे में जानकारी दी। विद्यार्थियों को बताया गया कि साइबर अपराधी किस तरह लोगों को झांसे में लेकर उनकी व्यक्तिगत और वित्तीय जानकारी हासिल करते हैं। ऑनलाइन धोखाधड़ी की पहचान करने के तरीके समझाए कार्यक्रम में सुरक्षित इंटरनेट उपयोग, सोशल मीडिया के जिम्मेदार इस्तेमाल और ऑनलाइन धोखाधड़ी की पहचान करने के तरीके समझाए गए। विद्यार्थियों को अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने, संदिग्ध फाइल और ऐप डाउनलोड करने से बचने तथा ओटीपी, यूपीआई पिन, पासवर्ड और बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने की सलाह दी गई। साथ ही एम-कवच-2 और ट्राई डीएनडी ऐप के उपयोग के बारे में भी जानकारी दी गई। आरक्षी सारिका सिंह ने विद्यार्थियों को साइबर फ्रॉड की शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया समझाई। उन्होंने बताया कि साइबर वित्तीय धोखाधड़ी होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करना चाहिए। इसके अलावा आधिकारिक पोर्टल www.cybercrime.gov.in पर भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। कार्यक्रम में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से साइबर अपराधों के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। इसके साथ ही साइबर सुरक्षा पर आधारित क्विज प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। यूपी-112 की कार्यप्रणाली और आपातकालीन सहायता सेवाओं के बारे में भी जानकारी दी गई, ताकि विद्यार्थी जरूरत के समय उपलब्ध सहायता का लाभ उठा सकें। कार्यक्रम का उद्देश्य साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करना इस अवसर पर साइबर क्राइम मुख्यालय, उत्तर प्रदेश से पुलिस उपमहानिरीक्षक पवन कुमार, पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार यादव, प्रमोद कुमार और रोहन झा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। यूपी-112 मुख्यालय से पुलिस महानिरीक्षक डॉ. के. एजिलरसन, पुलिस अधीक्षक निधि सोनकर और पुलिस अधीक्षक हरेन्द्र कुमार यादव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं पत्रकार भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों और युवाओं को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करना, सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को बढ़ावा देना और ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाव के लिए आवश्यक सावधानियों की जानकारी देना था। उत्तर प्रदेश पुलिस ने आमजन से अपील की है कि वे इंटरनेट और सोशल मीडिया का सावधानीपूर्वक इस्तेमाल करें, अनजान लिंक से बचें और अपनी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। किसी भी प्रकार की साइबर वित्तीय धोखाधड़ी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या आधिकारिक साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। Post navigation कुत्तों से बचकर दंतेवाड़ा कलेक्ट्रेट पहुंचा विश्व का सबसे छोटा खुरधारी जीव ‘माउस डियर’