लखनऊ, शैलेश पाल : पूर्व मंत्री आजम खां के खिलाफ शत्रु संपत्ति पर कब्जे को लेकर दर्ज मामले उनकी मुश्किलों को बढ़ा सकते हैं। ईडी ने अपनी जांच में इसे भी शामिल किया है। अधिकारियों के मुताबिक आजम को दिवाली के बाद रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी जिसमें शत्रु संपत्ति और भ्रष्टाचार से जुड़े सवाल होंगे। इसके बाद उनके खिलाफ अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया जाएगा। दरअसल, आजम को दो पैनकार्ड मामले में हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद रिहा होते ही ईडी ने गिरफ्तार कर लिया था। ईडी की इस कार्रवाई से यह अनुमान लगाया जा रहा है कि आजम की विधानसभा चुनाव से पहले रिहाई आसान नहीं होगी। ईडी के पास जौहर ट्रस्ट और जौहर विश्वविद्यालय में हुई गड़बड़ियों की लंबी फेहरिस्त है, जिनके आधार पर उनसे गहन पूछताछ होनी है। उन्हें सोमवार को सुप्रीम कोर्ट से भी तात्कालिक राहत नहीं मिल सकी जिससे उनकी रिहाई में अभी लंबा वक्त लग सकता है। वहीं ईडी के अधिकारी आजम पर कानूनी शिकंजा कसने के लिए उनसे पूछे जाने वाले सवालों की फेहरिस्त तैयार करने में जुट गए हैं। इस मामले की मॉनीटरिंग ईडी मुख्यालय के स्पेशल डायरेक्टर द्वारा की जा रही है जिसकी वजह से गहनता से जांच की जा रही है। ईडी की कोशिश आजम के कुछ करीबियों को सरकारी गवाह बनाने की भी है ताकि केस को मजबूत किया जा सके। Post navigation रिश्वत लेते बिजली विभाग के जेई समेत दो कर्मचारियो को विजिलेंस टीम ने किया गिरफ्तार महिला से कुंडल छीनने का आरोपी पैर में गोली लगने से घायल