अबूझमाड़, संवाददाता : 38वीं वाहिनी आईटीबीपी को सीओबी जाटलूर से चलाए ऑपरेशन में सफलता मिली है। नक्सली डंप से हैंड ग्रेनेड, पावर बैंक, नक्सली वर्दी, बैनर, प्रेस सामग्री और महत्वपूर्ण डायरी जब्त की है। डायरी से कई राज खुलने की उम्मीद है।
सुरक्षाबलों को नक्सल विरोधी अभियान के तहत नारायणपुर जिले के अबूझमाड़ क्षेत्र में बड़ी सफलता हाथ लगी है। 38वीं वाहिनी भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) ने सघन तलाशी अभियान के दौरान नक्सलियों द्वारा छुपाकर रखा गया एक बड़ा डंप बरामद किया है। इस डंप से भारी मात्रा में नक्सली सामान के साथ-साथ एक महत्वपूर्ण नक्सली डायरी भी जब्त की गई है, जिससे कई राज खुलने की संभावना है।
सफल अभियान और बरामदगी का विवरण सीओबी जाटलूर से संचालित एक सघन ऑपरेशन के दौरान, आईटीबीपी की टीम को अबूझमाड़ क्षेत्र में नक्सलियों द्वारा छुपाए गए एक डंप का पता चला। सूचना मिलते ही टीम को मौके के लिए रवाना किया गया।
सर्चिंग अभियान के दौरान, जब डंप की जांच की गई तो भारी मात्रा में सामग्री बरामद हुई
सर्चिंग अभियान के दौरान, जब डंप की जांच की गई तो भारी मात्रा में सामग्री बरामद हुई। इसमें हैंड ग्रेनेड, पावर बैंक, नक्सली बैनर, नक्सली प्रेस सामग्री, कैमोफ्लाज बैग, पुरुष व महिला कपड़े, नक्सली वर्दी, बैडशीट, रैंक (स्टार), टॉर्च, एयर फोन, फोटोग्राफ और दवाइयां जैसी महत्वपूर्ण वस्तुएं शामिल हैं। पुलिस ने सभी जब्त सामग्री को अपने कब्जे में ले लिया है।
नक्सली डायरी से महत्वपूर्ण खुलासे की उम्मीद बरामदगी में नक्सली डायरी को विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। माना जा रहा है कि इस डायरी में नक्सलियों की गतिविधियों, योजनाओं और उनके नेटवर्क से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दर्ज हो सकती है।
पुलिस इस डायरी की गहन जांच करेगी, जिससे नक्सली संगठन के अंदरूनी कामकाज और उनकी भविष्य की योजनाओं का खुलासा हो सकेगा। यह बरामदगी नक्सलवाद के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियानों में सुरक्षा बलों के लिए एक बड़ी उपलब्धि साबित हो सकती है।
