नई दिल्ली, ब्यूरो : केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने गुरुवार को देश की पहली सहकारिता क्षेत्र की टैक्सी सर्विस ‘भारत टैक्सी’ लॉन्च की। इस मौके पर उन्होंने कहा कि भारत टैक्सी के जरिए ड्राइवरों को मुनाफे में मालिकाना हक मिलेगा और उनकी आर्थिक व सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। योजना के तहत ड्राइवरों को पेंशन और बीमा जैसे लाभ भी दिए जाएंगे।
सहकारिता मॉडल से टैक्सी सेवा की शुरुआत
अमित शाह ने कहा कि सहकारिता के माध्यम से छोटी-छोटी पूंजी को जोड़कर बड़ा काम कैसे किया जा सकता है, भारत टैक्सी इसका उदाहरण है। उन्होंने कहा कि यह दिन टैक्सी चालक बहनों और भाइयों के लिए बेहद अहम है। भारत टैक्सी से जुड़े ड्राइवर न केवल अधिक मुनाफा कमाएंगे, बल्कि सम्मान के साथ इसके मालिक भी होंगे।
तीन साल में पूरे देश में विस्तार का लक्ष्य
गृह मंत्री ने बताया कि अगले तीन वर्षों में कश्मीर से कन्याकुमारी और द्वारका से कामाख्या तक पूरे देश में भारत टैक्सी का विस्तार किया जाएगा। यह योजना टैक्सी चालकों के कल्याण का एक बड़ा माध्यम बनेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि टैक्सी सेक्टर में सरकार नहीं, बल्कि सहकारिता प्रवेश कर रही है।
ड्राइवर ही होंगे कंपनी के असली मालिक
अमित शाह ने कहा कि संभवतः यह दुनिया की पहली ऐसी कोऑपरेटिव टैक्सी कंपनी होगी, जिसका मालिक टैक्सी चलाने वाला सारथी भाई या बहन ही होगा। भारत टैक्सी से जुड़े सभी ड्राइवर इसके शेयरधारक होंगे। उन्होंने कहा, “अब तक आपकी टैक्सी का पहिया किसी और के लिए कमाई करता था, अब वही पहिया आपकी अपनी कमाई कराएगा।”
मुनाफे का 80% सीधे ड्राइवरों के खाते में
गृह मंत्री ने बताया कि भारत टैक्सी जो भी मुनाफा कमाएगी, उसमें से 100 रुपए में 80 रुपए सीधे ड्राइवरों के खाते में जाएंगे, जबकि केवल 20 रुपए कंपनी के संचालन के लिए रखे जाएंगे। ग्राहक द्वारा किया गया भुगतान सीधे उसी समय ड्राइवर के खाते में ट्रांसफर होगा और बिना सुनवाई के किसी का अकाउंट बंद नहीं किया जाएगा।
‘सारथी दीदी’ पहल से महिलाओं की सुरक्षा
अमित शाह ने कहा कि भारत टैक्सी महिलाओं की सुरक्षा को भी प्राथमिकता देगी। ‘सारथी दीदी’ पहल के तहत महिला यात्रियों के लिए अलग विंडो होगी, जहां केवल महिला ड्राइवर ही सेवा देंगी। इससे महिलाओं की यात्रा को और सुरक्षित बनाया जाएगा।
प्लेटफॉर्म फीस और भारी कमीशन से राहत
गृह मंत्री ने कहा कि अब तक बुकिंग फीस, प्लेटफॉर्म फीस और भारी कमीशन से ड्राइवरों का मुनाफा घटता था। भारत टैक्सी ऐप में ऐसे किसी शुल्क का प्रावधान नहीं रखा गया है। इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य केवल सारथी भाइयों और दीदियों की आमदनी बढ़ाना है।
