आगरा, संवाददाता : जगदीशपुरा थाना पुलिस ने बोदला रोड पर करोड़ों रुपये की जमीन पर एक पक्ष को कब्जा दिलाने के लिए बड़ा खेल खेला गया। दो केस दर्ज किए गए। दो भाइयों सहित तीन को एनडीपीएस के प्रकरण में तो परिवार की ननद-भाभी सहित तीन को आबकारी अधिनियम व धोखाधड़ी में जेल भेजा। इसके बाद जमीन पर कब्जा कर चहारदीवारी बना दी गई। गार्ड तैनात कर प्लाटिंग भी शुरू हो गई। प्रकरण की शिकायत डीजीपी ऑफिस तक पहुंची तो पुलिस अधिकारी हरकत में आए। तत्कालीन एसओ सहित चार को निलंबित कर दिया गया है। बोदला रोड पर बैनारा फैक्टरी के पास 10 हजार वर्गगज जमीन है। नेमचंद जैन और एक अन्य के बीच था विवाद इस जमीन पर वर्ष 1974 में दो लोग मिल चलाते थे। कुछ समय बाद मिल बंद हो गई। जयपुर हाउस निवासी नेमचंद जैन और एक अन्य के बीच विवाद है। नेमचंद जैन जमीन पर कब्जा लेना चाहते थे। दूसरे पक्ष से जमीन पर केयरटेकर के रूप में रवि कुशवाह, उसके भाई संकरिया, रवि की पत्नी पुष्पा और बहन पुष्पा रह रही थीं। उन्हें हटाने के लिए पूरा खेल रचा गया। जमीन को खाली कराने के लिए केयर टेकरों को जेल भेजा जाना था। जगदीशपुरा पुलिस से सांठगांठ की गई। 26 अगस्त 2023 को पहला प्रकरण एनडीपीएस एक्ट में लिखा गया। रवि कुशवाहा , उसके भाई संकरिया और जटपुरा निवासी ओमप्रकाश से नौ किलोग्राम गांजा, फर्जी नंबर प्लेट का वाहन बरामद होना दर्शाया। तीनों को जेल भेज दिया गया। एक आरोपी अरुण को फरार घोषित कर दिया। दूसरा मामला 9 अक्तूबर 2023 को लिखा। इस बार आबकारी निरीक्षक ने पुलिस के साथ छापा मारा। पूनम, पुष्पा और फुरकान को गिरफ्तार किया। तीनों के खिलाफ धोखाधड़ी और आबकारी अधिनियम में केस दर्ज कर तीनों को जेल भेज दिया गया । इन लोगो को किया गया निलंबिततत्कालीन एसओ, वर्तमान में थाना एमएम गेट के एसओ जितेंद्र कुमार।मुख्य आरक्षी उपेंद्र मिश्रा, शिवराज सिंह, आरक्षी रविकांत को निलंबित कर दिया गया। एनडीपीएस का केस तत्कालीन एसआई विकास कुमार ने लिखा था। उनका स्थानांतरण सहारनपुर हो चुका है। उनके खिलाफ रिपोर्ट भेजी गई। Post navigation Varanasi Weather : पश्चिमी विक्षोभ का असर चौथे दिन भी बरकरार Prayagraj : भारद्वाज आश्रम के विस्तार के चलते मकानों पर चला बुलडोजर