नई दिल्ली, स्पोर्ट्स डेस्क : आईपीएल के 18वें सीजन में दो लगातार शिकस्त के बाद मुंबई इंडियंस घर वापस आ गई है। मुंबई ने दोनों ही मैच घर के बाहर खेले हैं। पहला मैच चेपॉक में खेला और दूसरा अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में। इन दोनों ही मैच में मुंबई इंडियंस को हार का सामना करना पड़ा। अब वह घर में केकेआर की मेजबानी के लिए तैयार है।
कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) और मुंबई इंडियंस (MI) के बीच खेला जाने वाला 12वां मैच रोमांचक होने वाला है। दोनों ही टीमों का लाइन-अप काफी मजबूत है। इस सीजन में कोलकाता की टीम ने अपना पहला मैच RCB के खिलाफ गंवा दिया था, लेकिन उन्होंने जोरदार वापसी की और अपना दूसरा मैच राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ 8 विकेट से जीत लिया।
मुंबई लेना चाहेगी बदला
पिछली बार जब दोनों टीमें MI और KKR एक दूसरे के खिलाफ खेली थीं तो कोलकाता की टीम ने 157 रन बनाए थे और मुंबई की टीम इस लक्ष्य का पीछा करने में असफल रही थी और 18 रनों से मैच हार गई थी। दोनों टीमों के पास मजबूत बल्लेबाजी और गेंदबाजी आक्रमण है, इसलिए बल्लेबाजों और गेंदबाजों के बीच मुकाबला मैच का नतीजा तय करने में महत्वपूर्ण होगा।
वानखेड़े की पिच बल्लेबाजों के लिए स्वर्ग मानी जाती है। यहां बल्लेबाजों ने खूब रन बनाए हैं, लेकिन इस मैदान की विकेटों ने तेज गेंदबाजों की भी मदद की है, जिससे खेल के शुरुआती दौर में अच्छा उछाल और मूवमेंट मिला है। रात में ओस के कारण मैच लक्ष्य का पीछा करने वाली टीमों के पक्ष में होते हैं। बल्लेबाजों को स्पिनरों के खिलाफ सतर्क रहने की जरूरत है और आक्रामक शॉट लगाने के बजाय स्ट्राइक रोटेट करने के लिए तैयार रहना चाहिए।
आईपीएल में वानखेड़े पिच के आंकड़े
कुल मैच – 118
औसत स्कोर- 170+
पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम की जीत- 54
दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने वाली टीम की जीत- ६४
गेंदबाजों को भी मिलती है मदद
इस पिच पर साझेदारी बनाना और पारी को गति देना महत्वपूर्ण हो जाता है। तेज गेंदबाजों की भी भूमिका होती है, खासकर शुरुआती ओवरों में जब गेंद थोड़ी सीम और स्विंग कर सकती है। हालांकि, मैच आगे बढ़ने के साथ उनकी प्रभावशीलता आमतौर पर कम हो जाती है। कुल मिलाकर, वानखेड़े स्टेडियम की पिच प्रतिस्पर्धी मैच के लिए जानी जाती है, जो बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों के लिए अवसर प्रदान करती है।