नई दिल्ली, संवाददाता : एनसीआर (नेशनल कैपिटल रीजन) में 19 मार्च से मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के ताज़ा पूर्वानुमान के अनुसार, क्षेत्र में हल्की बारिश, बादल और तेज हवाएं चलने की संभावना है, जिससे प्रदूषण के स्तर में गिरावट आ सकती है और लोगों को राहत मिलेगी।
तापमान में उतार-चढ़ाव का अनुमान
मौसम विभाग के 7 दिनों के पूर्वानुमान के अनुसार, 17 मार्च को न्यूनतम तापमान 17 डिग्री और अधिकतम 28 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं 18 मार्च को तापमान 18 से 29 डिग्री के बीच रहने की संभावना है। 19 और 20 मार्च को आंशिक बादल छाए रहने के साथ हल्की बारिश या गरज-चमक के आसार हैं, जिससे तापमान 17 से 28 डिग्री के बीच रह सकता है।
21-22 मार्च को फिर बदलेगा मौसम
21 मार्च को हल्की बारिश और सामान्य बादल छाए रहने का अनुमान है, जबकि 22 मार्च को तापमान बढ़कर 30 डिग्री तक पहुंच सकता है। इस दिन मौसम आंशिक रूप से साफ रहने की संभावना जताई गई है।
तेज हवाओं से सुधर रहा एक्यूआई
तेज हवाओं और मौसम में बदलाव के कारण एनसीआर के कई हिस्सों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) में सुधार दर्ज किया गया है। नोएडा के सेक्टर-125 में 162, सेक्टर-62 में 126, सेक्टर-1 में 137 और सेक्टर-116 में 147 AQI रिकॉर्ड किया गया।
गाजियाबाद और दिल्ली में भी बेहतर स्थिति
गाजियाबाद के इंदिरापुरम में 138, लोनी में 180, संजय नगर में 119 और वसुंधरा में 149 AQI दर्ज हुआ। वहीं दिल्ली के अलीपुर (123), अशोक विहार (136), आया नगर (124), बवाना (155), बुराड़ी क्रॉसिंग (112), कैंट एरिया (121), चांदनी चौक (130), कॉमनवेल्थ स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स (126), मथुरा रोड (111) और डॉ. कर्णी सिंह शूटिंग रेंज (126) में AQI 100 से 200 के बीच रहा।
मध्यम श्रेणी में बनी हुई है वायु गुणवत्ता
इन आंकड़ों के अनुसार, अधिकांश स्थानों पर AQI 100 से 200 के बीच यानी मध्यम (येलो जोन) में बना हुआ है, जो पहले की तुलना में बेहतर स्थिति को दर्शाता है। पिछले कुछ दिनों में साफ मौसम और तेज हवाओं ने प्रदूषण के स्तर को कम करने में मदद की है।
संवेदनशील लोगों को सतर्क रहने की सलाह
विशेषज्ञों का मानना है कि 19 मार्च से संभावित बारिश और हवाएं वायु गुणवत्ता को और बेहतर कर सकती हैं। हालांकि, स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बच्चों, बुजुर्गों और अस्थमा मरीजों को अभी भी सावधानी बरतने की सलाह दी है। आने वाले दिनों में मौसम में बदलाव से जहां तापमान में राहत मिलेगी, वहीं प्रदूषण के स्तर में भी सुधार जारी रहने की उम्मीद है।
