नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क : Bangladesh news : बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। यूनुस प्रशासन की नाक के नीचे अब एक और हिंदू व्यक्ति की हत्या कर दी गई है। घटना मयमनसिंह जिले में हुई। यहां के रहने वाले बृजेंद्र बिस्वास की गोली मारकर हत्या कर दी गई।
बृजेंद्र बिस्वास बांग्लादेश के ग्रामीण अर्धसैनिक बल के सदस्य थे। मयमनसिंह जिले में ही कुछ दिन पहले दीपू चंद्र दास नामक हिंदू युवक को पीट-पीटकर अधमरा कर दिया गया था और फिर उसे पेड़ से बांधकर जिंदा जला दिया गया था।
फैक्ट्री की सिक्योरिटी में तैनात थे बृजेंद्र
बांग्लादेशी मीडिया मुताबिक, भालुका उपजिला के मेहराबारी इलाके में सुल्ताना स्वेटर्स लिमिटेड फैक्ट्री स्थित है। फैक्ट्री की सिक्योरिटी के लिए 20 अंसार सदस्यों को तैनात किया गया था। बृजेंद्र बिस्वास भी इनमें शामिल थे। सोमवार शाम को करीब 6:30 बजे जब बृजेंद्र बिस्वास अपने साथी नोमान मियां के साथ बैठे थे, तभी नोमान ने अपनी गन से उन पर फायरिंग कर दी।
गोली सीधा बृजेंद्र की बाईं जांघ पर लगी। काफी खून बहने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। लबीब ग्रुप के प्रभारी अंसार मेंबर एपीसी मोहम्मद अजहर अली का कहना है कि घटना के वक्त दोनों के बीच कोई विवाद भी नहीं हुआ था।
उन्होंने कहा कि सभी कमरे में बैठे हुए थे। तभी अचानक से नोमान ने अपनी शॉटगन बृजेंद्र की जांघ पर तानी और चिल्लाकर कहा कि गोली मार दूंगा। इसके बाद उसे सीधा ट्रिगर दबा दिया और फिर वहां से भाग निकला। पुलिस ने आरोपी नोमान को गिरफ्तार कर लिया है।
संवेदनशील जगह पर तैनात होते हैं अंसार कर्मी
आम तौर पर, अंसार कर्मियों को फैक्ट्रियों, बैंकों, चुनावों और सरकारी संस्थानों में सुरक्षा देने के लिए तैनात किया जाता है और संवेदनशील जगहों पर वे हथियारबंद हो सकते हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि घटना के समय फैक्ट्री में करीब 20 अंसार कर्मी ड्यूटी पर थे।
भालुका मॉडल पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज जाहिदुल इस्लाम ने खबर की पुष्टि की और कहा कि पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इसके अलावा, पीड़ित के शव को पोस्टमार्टम के लिए मैमनसिंह मेडिकल कॉलेज अस्पताल के मुर्दाघर भेज दिया गया है।
