बरेली, संवाददाता : आईएमसी मौलाना तौकीर रजा खां (इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल) के प्रमुख को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने में सीओ प्रथम की टीम भी असफल रही। बरेली पुलिस की एक टीम दिल्ली गई थी , लेकिन बरेली पुलिस खाली हाथो लौट आई। बरेली के एडीजे फास्ट ट्रैक न्यायालय रवि कुमार दिवाकर ने तीखी टिप्पणी करते हुए एसएसपी को मौलाना की गिरफ्तारी की जिम्मेदारी सौंप दिया है। जिलाधिकारी को जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी दी है। प्रेमनगर थाना प्रभारी आशुतोष रघुवंशी मौलाना तौकीर रजा को गिरफ्तार करने में फेल हो गए थे। सीओ प्रथम संदीप कुमार सिंह को गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद न्यायालय ने मौलाना को गिरफ्तार कर बुधवार को पेश करने का आदेश दिया था। सर्किल अफसर के नेतृत्व में पुलिस की टीम दिल्ली गई थी, लेकिन काफी तलाश करने केबावजूद बाद भी मौलाना का सुराग नहीं मिल सका। आखिरकार पुलिस टीम को दिल्ली से खाली हाथ लौटना पड़ा। कोर्ट ने पुलिस को लगाई कड़ी फटकारबुधवार को पुलिस की ओर से जब कोर्ट में अपना पक्ष रखा गया तो न्यायालय ने पुलिस को कड़ी फटकार लगाई । कहा कि इससे तो यह लगता है कि भारत में आम आदमी के लिए कानून अलग और प्रभावशाली व्यक्ति के लिए कानून अलग है। अगर आम आदमी को गिरफ्तार करना होता तो पुलिस यह कार्य तुरंत कर देती। Post navigation Aligarh Airport : अयोध्या और बनारस के लिए शीघ्र शुरू होगी उड़ान Jaunpur : शव दाह कर परिवार चला रहीं विधवा जेठानी और देवरानी