मेरठ, संवाददाता : जिले में नकली करेंसी का जाल फैला है। मेरठ में करोड़ों रुपये के नकली करेंसी भारतीय रिजर्व बैंक में जमा कराई जा रही है। 5बैंक मैनेजरों पर रिपोर्ट दर्ज होने के बाद खुफिया विभाग भी सक्रिय हो गया है। सूत्रों के मुताबिक , पाकिस्तान से नेपाल के रास्ते नकली करेंसी पश्चिमी यूपी में सप्लाई की जा रही है। इसे मेरठ में व्यापक स्तर पर खपाया जा रहा है। गिरोह की सेटिंग शहर के बड़े बैंक मैनेजरों से भी है। पहले भी कई लोग नकली नोटों के साथ पकड़े जा चुके हैं। उनके तार भी पाकिस्तान से जुड़े थे। एक नवंबर 2022 को टीपीनगर पुलिस ने आरोपी सुनील को गिरफ्तार कर लिया था। सुनील के पास से करीब दो लाख के नकली नोट, प्रिंटर और नोट बनाने वाला कागज सामग्री बरामद की गई थी। उससे पूछताछ के बाद बड़ा खुलासा हुआ था। पुलिस ने दावा किया था कि नकली नोट बनाने वाले देश की अर्थव्यवस्था को कमजोर करने के लिए ऐसा कर रहे हैं। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने कहा कि पहले भी लालकुर्ती थाने से होमगार्ड नकली नोट के प्रकरण में जेल भेजे जा चुके हैं, इसके अलावा भी अन्य लोगों को भी जेल भेजा गया है। नकली नोट कहां से आ रहे हैं, इसकी जांच में टीम काम कर रही है। नकली और असली में पहचान करना मुश्किल पुलिस अफसरों के अनुसार , जो नकली नोट आरोपियों के पास से मिले हैं, उन नोटों की आम आदमी पहचान भी नहीं कर सकता है। नोटों को देखकर और छूकर भी नहीं पता लगाया जा सकता है। वाटर मार्क के जरिए ही नोटों के नकली होने की पहचान साबित होती है। इन नोटों को पड़ोसी देश पाकिस्तान में बनाया जा रहा है। नेपाल और बांग्लादेश के जरिए भारत में भेजा जा रहा है। नोट हो रहे तैयारमेरठ में बड़े व्यापक पर नकली करेंसी का गोरखधंधा हो रहा था। जांच एजेंसी की मानें तो मेरठ से एनसीआर के अलावा हरियाणा, दिल्ली,उत्तराखंड समेत कई राज्यों में नकली करेंसी सप्लाई की जा रही। Post navigation SRH vs RR Qualifier-2 : इन पांच खिलाड़ियों पर होंगी सबकी नजर Meerut : IAS अफसर ने रिक्शे में सवार होकर तंग गलियों का लिया जायजा