लखनऊ , संवाददाता : Project Praveen : उत्तर प्रदेश में प्रोजेक्ट प्रवीण के तहत कक्षा 9 से 12 के व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में एआई को शामिल किया गया है। चार घंटे का विशेष कोर्स लागू होगा। इससे दो लाख से अधिक छात्र लाभान्वित होंगे और उन्हें तकनीकी कौशल के साथ रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकेंगे। उप्र कौशल विकास मिशन ने युवाओं को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। ‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ के तहत अब कक्षा 9 से 12 तक चलने वाले सभी वोकेशनल प्रशिक्षण कार्यक्रमों में पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को अनिवार्य रूप से शामिल किया जा रहा है। मिशन निदेशक पुलकित खरे ने बताया कि आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 के दृष्टिगत ‘एआई फॉर ऑल’ के 4 घंटे के विशेष कोर्स को सभी प्रशिक्षकों और छात्र-छात्राओं के लिए लागू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह पहल प्रदेश के स्कूली एजुकेशन स्ट्रक्चर में अपनी तरह का पहला ‘टेक्नोलॉजी इंटीग्रेशन’ है, जो शिक्षा में तकनीक के समावेश का एक नया मानक स्थापित करेगा। बता दें कि ‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ माध्यमिक विद्यालयों के कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों के लिए एक 210 घंटे का निशुल्क कौशल विकास कार्यक्रम है। जिसमें पढ़ाई के साथ आईटी, ब्यूटी, हेल्थकेयर और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे क्षेत्रों में जॉब स्पेसिफिक हुनर सिखाया जाता है। इस 210 घंटे के कोर्स में मुख्य कौशल, सॉफ्ट स्किल्स और इंडस्ट्रियल विजिट शामिल है। अब इसमें 4 घंटे का ‘एआई फॉर ऑल’ कोर्स भी शामिल कर दिया गया है, ताकि छात्र अपनी स्कूली शिक्षा पूरी करते ही आत्मनिर्भर बन सकें। इसका फायदा 2 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को होगा। सभी प्रशिक्षकों को निर्देश दिया गया है कि वे पहले खुद यह कोर्स करें। उनकी शंकाएं दूर करने और तकनीकी बारीकियां समझाने के लिए 28 मार्च को मिशन मुख्यालय द्वारा एक दिन की ऑनलाइन कार्यशाला आयोजित की जाएगी। इसकी अध्यक्षता डॉ. पवित्रा टंडन (सहायक निदेशक, आई.टी.) करेंगी, जिसमें एआई के विशेषज्ञ भी शामिल होंगे। Post navigation UP : 200 करोड़ की जीएसटी चोरी का खुलासा,STF ने गुजरात से आरोपी को पकड़ा Trump की Iran को चेतावनी, बातचीत में दिखाए गंभीरता, वरना परिणाम गंभीर